साहित्य रचना : साहित्य का समृद्ध कोष
संकलित रचनाएँ : 3580
कटनी, मध्य प्रदेश
1966
अफ़सर-बाबू में साँट-गाँठ! योजनाएँ सब हैं लंबित! बदअमली महिमा मंडित!! उन्हें बुके है हमको डाँट! सबसे बड़ा रुपैया है! घूसखोर खेवैया है!! हुई दफ़्तर में बंदरबाँट!
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